अपना बनाकर फिर कुछ दिनों में
बेगाना बना दिया
भर गया दिल हमसे और मजबूरी का
बहाना बना दिया
इस कदर मेरे प्यार इंतिहा न लीजिए ख्फा
हो क्यों मुझसे यह बता तो दीजिए माफ़ कर दो
अगर हो गई हो हमसे कोई खता
पर याद ना करके हमे साजा तो न दीजिए
Sorry
बहुत उदास है कोई शख्स तेरे जाने से सके तो
लौट के आजा किसी बहाने से तू
लाख खफा हो
और एक बार तो देख ले कोई
बिखर गया है तेरे रूठ जाने से
Sorry baby
धड़कन बनके जो दिल में समा गए है
हर पल उनकी याद में बिताते है
आंसू निकल आए जब वो याद आ गए
जान निकल निकल जाती है जब वो रूठ
जाते है
Sorry
गलती की है तो माफ़ कर दो
मगर यु ना नज़र आंदाज कर
Sorry
निकला करो इधर से भी कभी कभी
आया करो हमारे भी घर पर कभी कभी
माना कि रूठ जाना यूं आदत है आपकी
लगते मगर अच्छे ये तेवर कभी कभी
Sorry
दिल से तेरी याद को जुदा तो नहीं किया
रखा जो तुझे याद
कुछ बुरा तो नहीं किया
हम से तुम नाराज़ है किस लिए बता जरा
हमने कभी तुझे खफा तो नहीं किया
Sorry dear
तुम हस्ते हो मुझे हसाने के लिए
तुम रोते हो तो मुझे रुकने के लिए
तुम एक बार रूठ कर तो देखो
मर जायेंगे तुम्हे मानने के लिए
Sorry jannu
कभी सपने को भी दिल से लगाया करो
किसी के ख़्वाब में आया जाया करो
जब भी जी हो की कोई तुम्हे भी मनाए
बस हमे याद करके रूठ जाया करो
Sorry darling
हम रूठे भी ती किसके भरोसे रूठे
कौन है जो आएगा हम मनाने के लिए
हो सकता है तरस सा भी जाए आपको
पर दिल कहा से लाए आपसे
रूठ जाने के लिये
Sorry
कब तक रह पाओगे आखिर यू दूर हमसे
मिलना पड़ेगा कभी न कभी जरूर हमसे
नज़रे चुराने वाले ये बेरुखी है कैसी
कह दो अगर हुआ है कोई कसूर हमसे
Sorry
दिल से तेरी याद को जुदा तो नहीं किया
रखा जो तुझे याद कुछ बुरा तो नहीं किया
हम से तू नाराज़ है किस लिए बता जरा
हमने कभी तुझे खफा तो नहीं किया
Sorry dear
जब आप का दिल टूटता है तो दिल
मेरा रोता है
जब अनजाने से कोई हमसे कसूर
हो जाता है तो
ये दिल नासूर बन जाता है
ज़िन्दगी सिर्फ चार दिन की दस्ता है
कही रूठने मानने में न निकल जाए
रूठ कर कुछ और भी हसीन लगते हो
बस यही सोच कर तुम को खफा रखा है
न तेरी शान कम होती ना रूतावा ही घटा होता
जो गुस्से मै कहा तुमने वहीं हंस के कहा होता
भूल उस से ही होती है जो कुछ करने
की कोशिश करता है
भूल को कबूल करना ही फूल है भूल
जाओ की हमसे कोई भूल नहीं होगी और
होने पर सॉरी कहना मत भूलो वरना छोटी सी
भूल भी महंगी पड़ सकती है
Sorry baby
गलती इतनी भी बड़ी नहीं की हमने
जो नाराज़ हो जाओ उम्रभर के लिए
माना कि हम तेरे कोई नहीं पर तू
मेरी सबकुछ ये भी किसी से छुपा नहीं
Really sorry baby jannu
Tim खफा हो गए तो कोई खुशी न रहेगी
तुम्हारे बिना चिरागों में रोशनी न रहेगी
क्या कहें क्या गेज़रेगी इस दिल पर
जिंदा तो रहेंगे पर ज़िन्दगी न रहेगी
Sorry dear
इश्क़ में हमे रोने भी नहीं दिया
ग़म ने हमे हसने भी नहीं दिया
रूठ के जब याद आए तुम्हारी तो
नींद ने भी हमारा साथ छोड़ दिया
और हमे सोने नहीं दिया
Sorry darling
पलभर में टूट जाए वो कसम नहीं
तुम्हे भूल जाए वो हम नहीं
तुम रूठी रहो इस बात में दम नहीं
तुम मनाने से न मानो इतने बुरे हम नहीं
I am sorry dear
दुश्मनों में भी दोस्त मिला करते है
जन्नत में भी फूल खिला करते है
हमको कता समझ कर छोड़ ना देना
काटा ही फूल की हिफाजत किया करते है
चलो अब माफ़ कर दो
Sorry jannu....!
जान है मुझे ज़िन्दगी से प्यारी
जान के लिए कर दू कुर्बान कुछ भी
जान के लिए तोड़ दू यारी तुम्हारी
अब तो मान जाओ मनाने से क्युकी तुम्हीं
हो जान हमारी
Sorry darling...!
हम रूठे भी तो किसके भरोसे रूठे
कौन है जो आयेगा हमे मनाने के लिए
हो सकता है तरस आ भी जाए आपको
पर दिल कहा से लाए आपसे रूठ जाने के लिए
कभी के ख्वाबों में आया_जाया करो
जब भी जी होंकी कोई तुम्हे भी मनाये
बस हमे याद करके रूठ जाया करो
Sorry dear...!
निकला करो इधर से भी होकर कभी कभी
आया करो हमारे भी घर पर कभी कभी
माना कि रूठ जाना तू आदत है आप की
लगते मगर है अच्छे ये तेवर कभी कभी
Sorry
खता हो गई तो फिर साजा सुना दो
दिल में इतना दर्द क्यों हैं वजह बता दो
देर ही गई याद करने में जरूर
लेकिन तुमको भुला देंगे ये ख्याल मिटा दो
Sorry jannu...!
कर दो मुआफ अगर होई कोई खता हमसे अलग
तुमसे होकर और अब रहा नहीं जाता हमसे
तुम खफा हो गए तो कोई खुशी न रहेगी
तुम्हारे बिना चिरागों में रौशनी न रहेगी
क्या कहे क्या गुजरेगी इस दिल पर
जिंदा रहेंगे पर ज़िन्दगी न रहेगी
Sorry baby...!
खता हो गई तो फिर साजा सुना दो
दिल में इतना दर्द क्यों हैं वजह बता दो
देर ही गई याद करने में जरूर
लेकिन तुमको भुला देंगे ये ख्याल मिटा दो
Sorry jannu...!
किसी को माफ़ करके अच्छे बन जाऊ
मगर दुबारा ऐतबार करके बेवफा ना होना
कर देना माफ़ हम की दिल से अगर तोड़ा हो कभी दिल
ज़िन्दगी किया भरोसा कल कफ़न में लिपटा मिले
तुमको ये दोस्त तुम्हारा
खता हो गई हों तो साजा भी सुना दो
दिल में इतना दर्द क्यों है वजह भी बता दो
देर हो गई याद करने में जरूर लेकिन
तुमको भुला देंगे ये ख्याल दिल से निकाल दो
Sorry Babu....!
कहा सुना जो भी हो माफ़ करना
कुछ वादे किये ना निभाए हो तो माफ़ करना
कुछ बाते जो हम दोनों के बीच हवी
उन में कुछ भला बुरा हुआ हो तो माफ़ करना
Sorry
रूठ कर हमसे यू दूर जा बैठे है कहीं
उनकी यादें सता रही हमें हर वक़्त यूंही
कोई उनसे हमारी खता तो कुछ कर आए
हम सर झुकाए इंतज़ार में बैठे है यूंही
होटों से दुआ के लिए जसाने नहीं होती
अब इस से ज्यादा तेरी खवाशिश नहीं होती
है प्यार का सेहर यहां बदल नहीं आती
अगर बादल भी आ जाए तो बारिश नहीं होती
दर्द हो दिल में तो दुआ कीजिए दिल ही
जब दर्द हो तो क्या कीजिए
हम को फरियाद करनी आती है आप सुनते है नहीं तो
क्या कीजिए
करो खूब सिदात से मोहब्बत करो
कमाया हुआ खुद का पैसा उरांव
वरना मा बाप का पैसा बरबाद ना करो
मैंने वक्त के पहियों को धीरे और तेज़ देखा है
अरे तुम गैरो के बात करते को
मैंने आपने को बदलते देखा है
अगर मै हद से गुज़र जाऊ तो मुझे माफ़ करना
तेरे दिल से उतर जाऊ तो मुझे माफ़ करना
रात में तुझे देख के तेरे दीदार के खातिर
पल भर जो ठहर जाऊ तो मुझे माफ़ करना
Sorry
मत पूछो मुझे क्या ग़म है
तेरे वादे पे जिंदा हूं क्या कम है
सोचते है हम भी लिख दे तेरी मसोमियत को
किताबों में सनम
और डर लगता है कोई तुझे पाने की कोशिश ना करे
सही है बल्कि असल मतलब ये है कि
हम रिश्ता निभाने की सलाइयात इस से ज्यादा
मुझे जिस चिराज से प्यार था मेरा
सब कुछ उसी ने जला दिया
निकाल दिया उसने हमने अपनी
जिंदगी से भीगे कागज की तरह
न लिखने के काबिल छोड़ा न जलने के
हम तो नरम पतो की शाख हुआ करते थे
छिले इतने गए की खंजर हो गए
वजह तक पूछने का मौका ही ना मिला
बस लम्हे गुजरते गए और हम
अजनबी होते गए
टूटे हुए दिल भी धड़कते है उम्र भर
चाहे किसी की याद में या फिर किसी
फरियाद मै।
हर दर्द का इलाज मिलता था जिस
बाज़ार में
मोहब्बत का नाम लिया तो दरवाज़ बंद हो गए
फरियाद कर रही हुए तरसी निगाहें
किसी को देख एक अरसा हो गया
सिर्फ हम ही है तेरे दिल में
बस यही गलतफहमी हम बर्बाद कर गई
रहेगा किस्मत से यही गिला ज़िन्दगी भर
जिसको पलभर चाहा उसी को पल
पल तरसे
वो सोचती होगी बड़े चैन से सो रहा हूं मै
उसे क्या अोठे के चादर रो रहा हूं मै
किस्मत की किताबों तो खूब लिखी थी
मेरी खुदा ने बस वही पन्ना गुम था
जिसमें मोहब्बत का जिक्र था
रहेगा किस्मत से यही गिला ज़िन्दगी भर
जिसको पलभर चाहा उसी को पल
पल तरसे
इस कदर मेरे प्यार इंतिहा न लीजिए ख्फा
हो क्यों मुझसे यह बता तो दीजिए माफ़ कर दो
अगर हो गई हो हमसे कोई खता
पर याद ना करके हमे साजा तो न दीजिए
Sorry
अच्छा है आंसुओ का रंग नहीं होता
वरना सुबह के तकिए रात का हाल बाया कर दे
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3 Comments
Nice
ReplyDeleteBut sundr
ReplyDeleteGajab
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